मालदा। पश्चिम बंगाल के मालदा से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश की पहली वंदे भारत स्लीपर ट्रेन शुरू की है। प्रधानमंत्री मोदी ने पश्चिम बंगाल के मालदा से ट्रेन को हरी झंडी दिखाई। यह ट्रेन हावड़ा (पश्चिम बंगाल) और कामाख्या (असम) के बीच चलेगी। वंदे भारत के अलावा पीएम मोदी 18 जनवरी को अमृत भारत एक्सप्रेस ट्रेनों को भी हरी झंडी दिखाएंगे। ये अमृत भारत ट्रेन उत्तर बंगाल और उत्तर-पूर्व को दक्षिण भारत से जोड़ेंगी।इसके साथ ही देश को अपनी पहली वंदे भारत स्लीपर ट्रेन मिली है। पश्चिम बंगाल के मालदा में पीएम मोदी ने भारत की पहली वंदे भारत स्लीपर ट्रेन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। यह ट्रेन हावड़ा से गुवाहाटी तक चलेगी।
वंदे भारत स्लीपर ट्रेन में पहली बार यात्रा कर रहे छात्रों से बातचीत की है जिन्होंने पीएम से इंटरेक्शन भी किया है। पीएम मोदी ने स्टूडेंट्स को ऑटोग्राफ दिया है, उनकी कविताएं सुनाई हैं। साथ ही, अपना अनुभव भी साझा किया है। भारतीय रेलवे बोर्ड के मुताबिक, वंदे भारत स्लीपर ट्रेन में आरएसी का कोई प्रावधान नहीं है। 9 जनवरी को जारी हुए किराए के अनुसार एक पैसेंजर को एसी 1 के लिए 1,520 रुपये, एसी 2 के लिए 1,240 रुपये और एसी 3 की खातिर 960 रुपये चुकाना होगा। चाहे यात्रा की दूरी एक से 400 किलोमीटर के बीच कितनी भी की हो। इसके अलावा, 400 किलोमीटर से ज्यादा दूरी के लिए, टिकट के रुपये की गणना प्रति किलोमीटर के हिसाब से की जाएगी, जिसमें एसी 1 में प्रति किलोमीटर 3.20 रुपये, एसी 2 में 3.10 रुपये और एसी 3 में 2.40 रुपये देना होगा।
इसके पहले केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव शुक्रवार शाम को ही मालदा पहुंच गए थे। वे इस कार्यक्रम की तैयारियों का जायजा लेने आए थे। यह नई वंदे भारत स्लीपर ट्रेन बहुत आधुनिक है। इसमें कुल 16 कोच हैं। इसमें एक बार में 823 यात्रियों को ले जा सकती है। यह ट्रेन 180 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से दौड़ सकती है। इससे यात्रा का समय काफी कम होगा। वंदे भारत स्लीपर ट्रेन आधुनिक भारत की बढ़ती परिवहन जरूरतों को पूरा करने के लिए विकसित की गई है। यह पूरी तरह से वातानुकूलित (एसी) ट्रेन यात्रियों को किफायती किराए पर हवाई जहाज जैसी यात्रा का अनुभव प्रदान करेगी। इससे लंबी दूरी की यात्राएं तेज, सुरक्षित और अधिक सुविधाजनक बनेंगी।



