HomeHaryanaप्रधानमंत्री मोदी की ‘मितव्ययिता’ अपील का असर : सीपीए सम्मेलन में ई-बसों से होगा प्रतिनिधियों...

प्रधानमंत्री मोदी की ‘मितव्ययिता’ अपील का असर : सीपीए सम्मेलन में ई-बसों से होगा प्रतिनिधियों का आवागमन

चंडीगढ़ : राष्ट्रमंडल संसदीय संघ इंडिया रीजन के जोन-सम्मेलन में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संसाधनों के विवेकपूर्ण उपयोग और ईंधन की खपत कम करने के आह्वान की स्पष्ट झलक देखने को मिलेगी। सम्मेलन की मेजबानी कर रहे हरियाणा विधान सभा अध्यक्ष हरविन्द्र कल्याण ने आयोजन से जुड़े सभी नोडल अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि सम्मेलन के दौरान मितव्ययितापर्यावरण संरक्षण और उत्कृष्ट प्रबंधन को प्राथमिकता दी जाए तथा किसी भी प्रकार के अनावश्यक खर्चे न होने पाए।

इसी सोच के अनुरूप सम्मेलन में आने वाले सभी प्रतिनिधियों और अधिकारियों के आवागमन की व्यवस्था ई-बसों के माध्यम से की गई है। इस पहल से न केवल पेट्रोलियम पदार्थों की खपत में कमी आएगीबल्कि बड़े वाहनों के सामूहिक उपयोग से परिवहन व्यय में भी उल्लेखनीय बचत होगी। हरियाणा विधान सभा सचिवालय ने प्रतिनिधियों के लिए छह आधुनिक ई-बसों की व्यवस्था की है। यह सम्मेलन 8 से 10 जून तक हरियाणा विधान सभा की मेजबानी में चंडीगढ़ में होगा।

योजना के अनुसार जून की सुबह हरियाणा परिवहन विभाग की 6 -बसें हरियाणा व पंजाब एमएलए हॉस्टल तथा प्रतिनिनिधियों के दूसरे आवास स्थलों से संचालित होंगी। इन बसों के माध्यम से सभी प्रतिनिधियों को दोपहर 12 बजे हरियाणा लोक भवन पहुंचाया जाएगाजहां हरियाणा के राज्यपाल प्रो. असीम कुमार घोष की ओर से उनके सम्मान में दोपहर भोज का आयोजन किया गया है। इसी दौरान लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला पीठासीन अधिकारियों के साथ संक्षिप्त विचार-विमर्श भी करेंगे।

इसके उपरांत दोपहर बजे सभी प्रतिनिधि ई-बसों से हरियाणा विधान सभा पहुंचेंगे और सम्मेलन के उद्घाटन सत्र में भाग लेंगे। उद्घाटन सत्र से पूर्व सेरेमोनियल गेट पर लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला को गार्ड ऑफ ऑनर प्रदान किया जाएगा तथा सभी प्रतिनिधियों का सामूहिक छायाचित्र भी लिया जाएगा। उद्घाटन सत्र के बाद प्रतिनिधियों को ई-बसों के माध्यम से सेक्टर-18 स्थित टैगोर थियेटर ले जाया जाएगाजहां भारतीय संविधान के मूल्यों और लोकतांत्रिक परंपराओं पर आधारित विशेष नाट्य प्रस्तुति आयोजित की जाएगी। दिनभर के सभी कार्यक्रमों के दौरान आवागमन की व्यवस्था ई-बसों से ही सुनिश्चित की गई है और अंत में प्रतिनिधियों को उनके आवास स्थलों तक भी इन्हीं वाहनों से पहुंचाया जाएगा।

हरियाणा विधान सभा अध्यक्ष हरविन्द्र कल्याण ने कहा कि यह सम्मेलन केवल संसदीय विमर्श का मंच नहीं होगाबल्कि पर्यावरण संरक्षणऊर्जा बचत और सार्वजनिक संसाधनों के जिम्मेदारीपूर्ण उपयोग का भी एक उदाहरण प्रस्तुत करेगा। उन्होंने कहा कि यह व्यवस्था प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विकास के साथ पर्यावरण संरक्षणसंसाधनों की बचत और सुशासन के संकल्प को साकार करने की दिशा में एक सार्थक पहल है।

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -
Google search engine

Most Popular

Recent Comments