नई दिल्ली। भारत इस समय मौसम के कई अलग-अलग रूपों का सामना कर रहा है। एक ओर जहां दक्षिण-पश्चिमी मॉनसून बेहद मजबूत स्थिति में तेजी से आगे बढ़ रहा है और देश के एक बड़े हिस्से को भिगो रहा है, वहीं दूसरी ओर कुछ इलाकों में आंधी-तूफान और गरज-चमक के साथ तेज हवाएं चल रही हैं। भारत मौसम विज्ञान विभाग ने देश के 14 राज्यों के लिए आज यानी 25 जून को भारी से बहुत भारी बारिश और गंभीर स्तर के आंधी-तूफान का ऑरेंज अलर्ट जारी किया है, जो विभिन्न क्षेत्रों में अलग-अलग प्रभावों का संकेत देता है।मौसम विभाग के ताजा बुलेटिन के अनुसार, दक्षिण-पश्चिमी मॉनसून की उत्तरी सीमा इस समय दहानू, वर्धा, रायपुर, डालटनगंज और मोतिहारी से होकर गुजर रही है। पिछले 24 घंटों में मॉनसून ने महाराष्ट्र के बचे हुए हिस्सों को पूरी तरह कवर कर लिया है और गुजरात, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ व झारखंड के नए इलाकों में भी अपनी दस्तक दे दी है, जिससे इन राज्यों में भी बारिश का दौर शुरू हो गया है।
दिल्ली, हरियाणा, पंजाब और पश्चिमी उत्तर प्रदेश के निवासियों के लिए आज का दिन राहत और थोड़ी आफत दोनों लेकर आया है। राजस्थान के ऊपर बने एक चक्रवातीय सिस्टम के कारण पश्चिमी राजस्थान में धूल भरी आंधी चलने की आशंका है, जिसका सीधा असर दिल्ली-एनसीआर और पंजाब-हरियाणा पर दिखेगा। आज इन इलाकों में 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटा (झोंकों में 70 किलोमीटर प्रति घंटा तक) की रफ्तार से चलने वाली तेज हवाएं या थंडरस्कॉल आ सकते हैं। आंधी के साथ ही गरज-चमक और मध्यम स्तर की बारिश होगी, जिससे तापमान में गिरावट आएगी और उमस भरी गर्मी से बड़ी राहत मिलेगी। हालांकि, आईएमडी ने लोगों को चेतावनी दी है कि वे आंधी के समय खुली जगहों या पेड़ों के नीचे जाने से बचें।
मध्य और पूर्वी भारत में मौसम का हाल – बिहार, झारखंड, मध्य प्रदेश, विदर्भ और ओडिशा में गंभीर चेतावनी आज के मौसम की सबसे गंभीर चेतावनी मध्य और पूर्वी भारत के राज्यों के लिए है, जहां मध्यम से गंभीर स्तर की आकाशीय बिजली गिरने की घटनाएं हो सकती हैं।बिहार में आज मौसम काफी आक्रामक हो सकता है, 70 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार वाली विनाशकारी हवाओं के साथ भारी बारिश का अनुमान है। झारखंड में गरज-चमक के साथ तेज बौछारें पड़ेंगी।जबकि मध्य प्रदेश के ऊपर एक कम दबाव का क्षेत्र सक्रिय है, जिसके प्रभाव से पश्चिमी मध्य प्रदेश में 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलेंगी, जबकि विदर्भ (महाराष्ट्र) और पूर्वी मध्य प्रदेश में गरज-चमक के साथ लगातार भारी बारिश जारी रहेगी। पश्चिम बंगाल (उप-हिमालयी) और सिक्किम में मॉनसून बहुत ज्यादा सक्रिय है, यहां आने वाले 2-3 दिनों तक मूसलाधार बारिश का दौर चलता रहेगा। ओडिशा में आज रात तक भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है।
पश्चिमी तट और दक्षिण भारत – मुंबई, कोंकण, गोवा और कर्नाटक में मॉनसून का कहर पश्चिमी तट और दक्षिण भारत के राज्य इस समय मॉनसून की सबसे भारी मार झेल रहे हैं। मुंबई, उत्तरी कोंकण और गोवा में पिछले दिनों मुंबई और आसपास के इलाकों में हुई बहुत ज्यादा भारी बारिश के बाद आज भी राहत के आसार नहीं हैं। मुंबई सहित पूरे नॉर्थ कोंकण और गोवा में आज भारी से बहुत भारी बारिश का अलर्ट है। लगातार हो रही बारिश के कारण मुंबई के निचले इलाकों में जलभराव और लोकल ट्रांसपोर्ट/यातायात प्रभावित होने की पूरी आशंका है। कर्नाटक के समुद्र की तरफ से आ रही तेज हवाओं के कारण मॉनसून सबसे ज्यादा उग्र रूप में है, यहां मछुआरों को समुद्र में न जाने की सलाह दी गई है। तेलंगाना, तटीय आंध्र प्रदेश और मराठवाड़ा क्षेत्रों में भी मॉनसूनी बारिश आज भी जारी रहेगी।



