HomePunjabडॉ. बलजीत कौर ने अनुसूचित जाति के स्नातकों के लिए निःशुल्क स्टेनोग्राफी...

डॉ. बलजीत कौर ने अनुसूचित जाति के स्नातकों के लिए निःशुल्क स्टेनोग्राफी प्रशिक्षण की घोषणा की

चंडीगढ़ : अनुसूचित जातियों के युवाओं को उच्च गुणवत्ता वाला कौशल प्रशिक्षण देकर सशक्त बनाने की अपनी प्रतिबद्धता दोहराते हुए पंजाब की सामाजिक न्याय, अधिकारिता एवं अल्पसंख्यक मामलों की मंत्री डॉ. बलजीत कौर ने घोषणा की कि पात्र अनुसूचित जाति के स्नातक युवक एवं युवतियों के लिए एक वर्षीय निःशुल्क स्टेनोग्राफी प्रशिक्षण कार्यक्रम (सत्र 2026-27) में प्रवेश हेतु आवेदन आमंत्रित किए गए हैं। कैबिनेट मंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री स. भगवंत सिंह मान के नेतृत्व में पंजाब सरकार युवाओं को ऐसे सार्थक अवसर उपलब्ध करा रही है, जो उन्हें समय की मांग के अनुरूप कौशल प्रदान करते हैं, उनकी रोजगार क्षमता बढ़ाते हैं तथा उन्हें आत्मनिर्भर और सम्मानजनक भविष्य की ओर अग्रसर करते हैं।

उन्होंने कहा कि यह पहल सरकार के उस संकल्प का प्रतीक है कि आर्थिक कठिनाइयाँ कभी भी प्रतिभाशाली युवाओं की आकांक्षाओं और उनके करियर के मार्ग में बाधा नहीं बनने दी जाएंगी।विस्तृत जानकारी देते हुए डॉ. बलजीत कौर ने बताया कि सामाजिक न्याय, अधिकारिता एवं अल्पसंख्यक विभाग द्वारा शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए इस एक वर्षीय निःशुल्क प्रशिक्षण कार्यक्रम के अंतर्गत कुल 80 सीटों पर आवेदन आमंत्रित किए गए हैं। इनमें पंजाबी स्टेनोग्राफी के लिए 40 तथा अंग्रेज़ी स्टेनोग्राफी के लिए 40 सीटें निर्धारित हैं। आवेदन जमा कराने की अंतिम तिथि 20 अगस्त, 2026 है।

उन्होंने बताया कि इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में स्टेनोग्राफी के साथ-साथ कंप्यूटर टाइपिंग का भी समग्र प्रशिक्षण दिया जाएगा, जिससे प्रशिक्षुओं को सरकारी और निजी दोनों क्षेत्रों में रोजगार प्राप्त करने में महत्वपूर्ण सहायता मिलेगी। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि यह पहल अनुसूचित जाति के युवाओं को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर सिद्ध होगी।डॉ. बलजीत कौर ने बताया कि आवेदन पत्र प्राचार्य, अंबेडकर इंस्टीट्यूट, सेक्टर-60, फेज-3बी-2, एस.ए.एस. नगर (मोहाली) के कार्यालय में 20 अगस्त, 2026 तक अथवा उससे पूर्व जमा कराए जाने चाहिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि अधूरे आवेदन अथवा अंतिम तिथि के बाद प्राप्त आवेदन स्वीकार नहीं किए जाएंगे।

योग्यता संबंधी मानदंडों की जानकारी देते हुए मंत्री ने बताया कि आवेदक अनुसूचित जाति वर्ग से संबंधित, पंजाब का स्थायी निवासी तथा   स्नातक होना चाहिए। 20 अगस्त, 2026 तक आवेदक की आयु 30 वर्ष से अधिक नहीं होनी चाहिए। इसके अतिरिक्त परिवार की वार्षिक आय 2.50 लाख रूपये से अधिक नहीं होनी चाहिए, जिसके लिए सक्षम प्राधिकारी द्वारा जारी वैध आय प्रमाण-पत्र प्रस्तुत करना अनिवार्य होगा। आवेदन के साथ सभी शैक्षणिक एवं अन्य आवश्यक प्रमाण-पत्रों की सत्यापित प्रतियां संलग्न करना भी आवश्यक है।

उन्होंने आगे बताया कि 27 अगस्त, 2026 को प्रातः 10:00 बजे साक्षात्कार आयोजित किया जाएगा तथा इसके लिए अलग से कोई साक्षात्कार पत्र जारी नहीं किया जाएगा। अभ्यर्थियों को निर्धारित स्टेनोग्राफी दक्षता परीक्षा उत्तीर्ण करनी होगी और अंतिम चयन पूरी तरह मेरिट तथा निर्धारित प्रवेश प्रक्रिया के आधार पर किया जाएगा।डॉ. बलजीत कौर ने कहा कि चयनित प्रशिक्षुओं को 1,500 रूपये प्रतिमाह वजीफा, निःशुल्क छात्रावास सुविधा तथा अन्य संस्थागत सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी, ताकि वे बिना किसी आर्थिक बोझ के पूरी एकाग्रता के साथ प्रशिक्षण प्राप्त कर सकें।

समावेशी विकास के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता दोहराते हुए उन्होंने कहा कि कौशल विकास सामाजिक सशक्तिकरण और आर्थिक आत्मनिर्भरता का सबसे मजबूत आधार है। उन्होंने कहा कि पंजाब सरकार अनुसूचित जाति के युवाओं को व्यावसायिक कौशल से सशक्त बनाने वाली पहलों में निरंतर निवेश करती रहेगी, ताकि वे सम्मानजनक रोजगार प्राप्त कर आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बन सकें और समृद्ध, समावेशी तथा रंगला पंजाब के निर्माण में महत्वपूर्ण योगदान दे सकें।

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -
Google search engine

Most Popular

Recent Comments