चंडीगढ़ : हरियाणा के ऊर्जा, परिवहन एवं श्रम मंत्री अनिल विज ने कांग्रेस नेताओं द्वारा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और भारतीय जनता पार्टी पर लगाए गए आरोपों को निराधार, भ्रामक और भड़काऊ बताते हुए कहा कि कांग्रेस का काम ही झूठ फैलाना और भ्रम पैदा करना है, जबकि भाजपा जनता के विश्वास पर खरा उतरने वाली पार्टी है। विज मीडिया कर्मियों के सवालों का जवाब दे रहे थे।
“फर्जी वोट कांग्रेस की संस्कृति है, भाजपा की नहीं” – विज
लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी द्वारा दिए गए बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए अनिल विज ने कहा कि “यह कांग्रेस की संस्कृति है, भाजपा की नहीं। फर्जी वोट कांग्रेस वाले बनाते हैं, और हमने उन्हें कई बार पकड़ा है। राहुल गांधी आधी बात करते हैं और पूरी बात बताएं कि वोट किसे पड़े हैं, और इससे किसे फायदा हुआ है।” उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा कि अंबाला के साहा क्षेत्र में 223 फर्जी वोट पाए गए थे, जहां कांग्रेस का विधायक और सांसद दोनों जीते हैं। विज ने कहा कि “इससे साफ है कि कांग्रेस फर्जीवाड़े से चुनावी लाभ उठाने की कोशिश करती है,”
“खड़गे ने खुद स्वीकार किया कि बिहार में पहले जंगलराज था” – विज
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के बिहार में एनडीए सरकार पर लगाए आरोपों का जवाब देते हुए विज ने कहा कि “जब हम कपड़ा खरीदते हैं तो कंपनी की पुरानी हालत देखते हैं। खड़गे जी ने खुद मान लिया कि 20 साल पहले बिहार में जंगलराज और कट्टा राज था। अब जब लालू प्रसाद यादव के पुत्र तेजस्वी यादव चुनाव हार चुके हैं, तो उन्हें अपने पिता की सेवा करनी चाहिए, जिनकी तबीयत ठीक नहीं है।”
“प्रधानमंत्री ने जो कहा, वह इतिहास का उल्लेख है” – विज
कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी द्वारा प्रधानमंत्री मोदी पर टिप्पणी को लेकर अनिल विज ने कहा कि “प्रधानमंत्री ने जो कहा, वह इतिहास का उल्लेख था। उन्होंने ‘कट्टों’ और ‘ब्रह्मोस’ दोनों शब्दों का प्रयोग देश की ताकत और तुलना के संदर्भ में किया है। उन्होंने कहा कि जो इतिहास में दर्ज है उसका जिक्र किया जाएगा क्योंकि यह कट्टों से राज चलाते थे।”
“चुनाव आयोग पर टिप्पणी बेमतलब है” – विज
कांग्रेस सांसद दीपेंद्र सिंह हुड्डा द्वारा मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को भाजपा का ‘पन्ना प्रमुख’ बताने वाले बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए विज ने कहा कि “यह पूरी तरह बेमतलब बात है। चुनाव आयोग का काम वोट बनाना और वोटर लिस्ट जारी करना है। लिस्ट में पन्ने होते हैं तो उसे ‘पन्ना प्रमुख’ से जोड़ना हास्यास्पद है। कांग्रेस बिना कारण संस्थाओं को बदनाम करने की राजनीति कर रही है।”



