नई दिल्ली। अमेरिकी टैरिफ की वजह से दुनिया में बनी हुई अस्थिरता के बीच सिंगापुर के प्रधानमंत्री लारेंस वांग भारत की तीन दिवसीय आधिकारिक यात्रा पर पहुंचे हैं। पत्नी के साथ उन्होंने राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की समाधि पर श्रद्धांजलि अर्पित की है। गुरुवार (4 सितंबर) को नई दिल्ली में पीएम मोदी के साथ वांग की एक उच्च-स्तरीय द्विपक्षीय बैठक होगी। जिसमें दोनों देशों के आपसी सहयोग से जुड़े मुद्दों, आर्थिक साझेदारी को मजबूती प्रदान करने सहित साझा हितों से जुड़े हुए क्षेत्रीय और अंतरराष्ट्रीय मामलों पर विचार-विमर्श किया जाएगा।
यह जानकारी विदेश मंत्रालय ने दो सितंबर को जारी किए एक बयान के जरिए दी है। जिसमें बताया कि सिंगापुर के प्रधानमंत्री के रूप में वांग का यह पहला भारत दौरा है। जिसमें उनके साथ उनकी धर्मपत्नी श्रीमती लारेंस वांग, सिंगापुर की कैबिनेट के कुछ मंत्री और वरिष्ठ अधिकारियों का एक उच्च-स्तरीय प्रतिनिधिमंडल भी शामिल रहेगा। पीएम मोदी के अलावा देश में सिंगापुर के प्रधानमंत्री की राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू, विदेश मंत्री डॉ.एस.जयशंकर और कई अन्य केंद्रीय मंत्रियों से भी मुलाकात होगी। पिछले साल सितंबर 2024 में प्रधानमंत्री मोदी ने सिंगापुर की यात्रा की थी। जिसके साथ ही दोनों देशों के संबंध व्यापक रणनीतिक भागीदारी के स्तर तक जा पहुंचे थे।
5 समझौतों पर होंगे हस्ताक्षर – आधिकारिक सूत्रों ने बताया कि सिंगापुर के प्रधानमंत्री की नई दिल्ली यात्रा में दोनों देशों के बीच पांच समझौतों पर हस्ताक्षर किए जा सकते हैं। जिनका संबंध नागरिक उड्डयन और अंतरिक्ष से है। इसके अलावा उनकी ये यात्रा भारत और सिंगापुर बहुआयामी साझेदारी में शामिल आर्थिक गतिविधि को बढ़ाने के अवसरों को तलाशने में भी सहायक साबित होगी। दोनों देशों की इस भागीदारी की बुनियाद आपसी पूरकता का प्रमाण प्रस्तुत करती है। विदेश मंत्रालय ने कहा कि सिंगापुर न केवल भारत का महत्वपूर्ण भागीदार है, जिसमें देश की पूर्व की ओर देखो नीति अहम है।



