नई दिल्ली। मौसम विभाग के मुताबिक नवंबर के पहले सप्ताह में नए वेदर सिस्टम के कारण हरियाणा और दिल्ली-एनसीआर के आसमान में फिर से घने बादल छा सकते हैं और गरज-चमक के साथ बारिश हो सकती है। दिल्ली- एनसीआर के कई इलाकों में शनिवार रात तेज हवाओं के साथ बारिश की वजह से मौसम का मिजाज अचानक बदल गया। मौसम में अचानक आए इस बदलाव का असर एक्यूआई पर भी देखने को मिलेगा। आज हवा की गुणवत्ता में सुधार की उम्मीद की जा रही है। मौसम विशेषज्ञ के मुताबिक, अक्टूबर के अंतिम दिनों और नवंबर की शुरुआत में एक बार फिर पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने की संभावना है।
इसकी वजह से हरियाणा, एनसीआर और दिल्ली में मौसम में बदलाव के साथ बारिश हो सकती है। इससे क्षेत्र में हल्की ठंड की शुरुआत होने के आसार हैं। पिछले तीन दिनों से दिल्ली-एनसीआर की हवा लगातार ‘खराब’ श्रेणी में बनी हुई थी, जिससे ग्रैप-१ की पाबंदियां लागू करनी पड़ी थीं। हालांकि, शनिवार शाम से ही हवा की रफ्तार बढ़ने के कारण एक्यूआई (AQI) में सुधार होने लगा और केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी) के अनुसार यह 191 (मध्यम श्रेणी) पर रिकॉर्ड किया गया। शनिवार देर रात नोएडा, गाजियाबाद, गुरुग्राम और दिल्ली के कई हिस्सों में हुई बारिश के बाद आज सुबह हवा और अधिक साफ हो गई है। मौसम विशेषज्ञों का अनुमान है कि तेज हवाओं और बारिश के इस ‘वॉश-आउट इफेक्ट’ के कारण अगले दो से तीन दिनों तक प्रदूषण का स्तर नियंत्रित रहेगा।



