HomeNationalमुख्यमंत्री के नेतृत्व में पंजाब कैबिनेट ने 12 महत्वपूर्ण श्रेणियों के 300...

मुख्यमंत्री के नेतृत्व में पंजाब कैबिनेट ने 12 महत्वपूर्ण श्रेणियों के 300 स्पेशलिस्ट डाक्टरों को सूचीबद्ध करने की सहमति दी

चंडीगढ़ : पंजाब भर के लोगों को गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध करवाने के लिए मुख्यमंत्री के नेतृत्व में मंत्रिमंडल ने 12 प्रमुख श्रेणियों के 300 स्पेशलिस्ट डाक्टरों को सूचीबद्ध करने की मंजूरी दे दी है।यह फैसला आज यहां मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में लिया गया। यह जानकारी देते हुए मुख्यमंत्री दफ्तर के प्रवक्ता ने बताया कि कैबिनेट ने 12 महत्वपूर्ण श्रेणियों अर्थात मैडीसिन, पीडियाट्रिक्स (बाल रोग विशेषज्ञ), साइकियाट्री (मनोरोग विशेषज्ञ), डर्मेटोलॉजी (त्वचा रोग विशेषज्ञ), चेस्ट एवं टी.बी. (छाती रोग विशेषज्ञ), सर्जरी, गायनेकोलॉजी (स्त्री रोग विशेषज्ञ), ऑर्थोपेडिक्स (हड्डी रोग विशेषज्ञ), ऑप्थल्मोलॉजी (नेत्र रोग विशेषज्ञ), ई.एन.टी. (कान, नाक, गला विशेषज्ञ) तथा एनेस्थीसियोलॉजी में 300 विशेषज्ञ डाक्टरों को एम्पैनल करने का भी निर्णय लिया है।
इस कदम से विशेषज्ञ डाक्टरों की उपलब्धता बढ़ेगी और पंजाब के लोगों को सकैंडरी स्तर की स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता में सुधार होगा। इन विशेषज्ञ डाक्टरों को सूचीबद्ध करने की प्रक्रिया जिला स्तर पर सिविल सर्जनों के माध्यम से की जाएगी तथा एम्पैनल हुए डाक्टर ओ.पी.डी., आई.पी.डी., इमरजेंसी, बड़े-छोटे ऑपरेशन तथा अन्य विभिन्न सेवाओं के लिए प्रति मरीज एम्पैनलमेंट फीस लेने के हकदार होंगे।

पंजाब को-ऑपरेटिव सोसायटीज नियम, 1963 के तहत एकसमान अनुशासनात्मक एवं अपीलीय ढांचे को मंजूरी – 
कैबिनेट ने पंजाब को-ऑपरेटिव सोसायटीज नियम, 1963 के अंतर्गत नियम 28ए यानी एकसमान अनुशासनात्मक एवं अपीलीय ढांचे को भी मंजूरी दे दी है। इससे अपील चैनलों की दोहरी प्रक्रिया रोकी जा सकेगी, एक ही बोर्ड या उसकी समितियों में परस्पर विरोधी निर्णयों से बचा जा सकेगा तथा अनुशासनात्मक कार्रवाइयों में कमांड की स्पष्ट लड़ी बनेगी। साथ ही यह सुनिश्चित होगा कि अपीलों की सुनवाई संस्था के भीतर केवल एक बार ही हो। यह एक स्पष्ट एकसमान ढांचे के तहत उचित प्रक्रिया सुनिश्चित करके तथा हर स्तर पर प्राधिकार को परिभाषित करके संस्थागत जवाबदेही को मजबूत करेगा और कर्मचारियों के अधिकारों की रक्षा में भी मदद करेगा। इससे पंजाब में सहकारी क्षेत्र के अंतर्गत कार्यरत सभी शीर्ष संस्थाओं एवं केन्द्रीय सहकारी बैंकों में एकरूपता आएगी।

पंजाब माइनर मिनरल रूल्स 2013 में संशोधन को मंजूरी – मंत्रिमंडल ने खनन सेवाओं को और अधिक कुशल, नागरिक-हितैषी तथा पारदर्शी बनाने के लिए पंजाब स्टेट माइनर मिनरल्स (संशोधन) पॉलिसी 2025 के अनुसार पंजाब माइनर मिनरल रूल्स, 2013 में संशोधन करने की भी अनुमति दे दी है। प्रदेश में आवंटित की जाने वाली क्रशर माइनिंग साइटों तथा भूमि मालिकों की माइनिंग साइटों के माइनिंग लीज धारकों को माइनिंग अधिकारों के आवंटन के लिए मौजूदा पंजाब माइनर मिनरल रूल्स 2013 में इन नए नियमों/संशोधनों को जोड़ने/बदलने की आवश्यकता थी।

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -
Google search engine

Most Popular

Recent Comments