चंडीगढ़ – पंजाब के राज्यपाल एवं यू.टी. चंडीगढ़ के प्रशासक गुलाब चंद कटारिया ने पंजाब विश्वविद्यालय क्रिकेट ग्राउंड में आयोजित 6वीं डब्ल्यू.सी.एफ.आई. व्हीलचेयर क्रिकेट चैंपियनशिप-2026 में मुख्य अतिथि के रूप में संबोधित करते हुए कहा कि यह आयोजन केवल एक खेल प्रतियोगिता नहीं, बल्कि साहस, समानता और समावेशन का उत्सव है।इससे पूर्व पंजाब विश्वविद्यालय की कुलपति प्रो. रेनू विग ने राज्यपाल एवं अन्य गणमान्य अतिथियों का स्वागत किया।
अपने संबोधन में प्रशासक ने कहा कि “Inclusive India through Sports: Capacity Building and Leadership Development of Persons with Disabilities for Sustainable Futures” विषय पर आयोजित दो दिवसीय इस राष्ट्रीय चैंपियनशिप में देशभर से 45 दिव्यांग खिलाड़ी एवं युवा नेतृत्वकर्ता भाग ले रहे हैं। उन्होंने कहा कि यह आयोजन विकसित भारत 2047 की भावना को साकार करता है। उन्होंने कहा कि व्हीलचेयर क्रिकेट यह सिद्ध करता है कि शारीरिक सीमाएँ कभी भी व्यक्ति की क्षमता को परिभाषित नहीं कर सकतीं। उन्होंने समाज से दिव्यांगजनों के लिए समावेशी अवसंरचना, शिक्षा, खेल और रोजगार सुनिश्चित करने का आह्वान किया।
कटारिया ने व्हीलचेयर क्रिकेट फेडरेशन ऑफ इंडिया (WCFI), एसोसिएशन ऑफ प्रोफेशनल सोशल वर्कर्स एंड डेवलपमेंट प्रैक्टिशनर्स (APSWDP), राजीव गांधी राष्ट्रीय युवा विकास संस्थान (RGNIYD), पंजाब विश्वविद्यालय तथा अन्य सहयोगी संस्थाओं के प्रयासों की सराहना की। उन्होंने वर्ष 2017 में इस चैंपियनशिप की शुरुआत करने वाली स्वर्गीय रेखा त्रिवेदी को भी श्रद्धांजलि अर्पित की।भारतीय पैरा खिलाड़ियों की उपलब्धियों का उल्लेख करते हुए प्रशासक ने प्रतिभागियों से अपने संकल्प, खेल भावना और उत्कृष्ट प्रदर्शन के माध्यम से समाज को प्रेरित करने का आह्वान किया।
उन्होंने सुगम्य भारत अभियान, यूडीआईडी (UDID), एडीआईपी (ADIP) योजना, राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 तथा खेलो इंडिया जैसी भारत सरकार की पहलों का उल्लेख करते हुए विश्वास व्यक्त किया कि यह चैंपियनशिप सुगम्यता, गरिमा और समान अवसर के संदेश को और सशक्त करेगी तथा प्रत्येक प्रतिभागी समावेशी भारत का दूत बनेगा।”Breaking Barriers, Building Champions Through Inclusive Cricket” विषय पर आयोजित इस चैंपियनशिप का उद्देश्य समावेशी खेलों को बढ़ावा देना तथा पैरा खिलाड़ियों की प्रतिभा और उपलब्धियों के प्रति समाज में व्यापक जागरूकता उत्पन्न करना है।
18 और 19 जुलाई को पंजाब विश्वविद्यालय क्रिकेट ग्राउंड में आयोजित इस दो दिवसीय चैंपियनशिप में पंजाब, उत्तर प्रदेश और छत्तीसगढ़ की टीमें खिताब के लिए प्रतिस्पर्धा कर रही हैं। इस अवसर पर पंजाब विश्वविद्यालय के एनएसएस समन्वयक प्रो. अनुपम बाहरी, व्हीलचेयर क्रिकेट फेडरेशन ऑफ इंडिया के पदाधिकारी, पंजाब विश्वविद्यालय के अधिकारी, आयोजन समिति के सदस्य, खिलाड़ी, खेल प्रेमी तथा पंजाब विश्वविद्यालय के एनएसएस स्वयंसेवक भी उपस्थित थे।



