नई दिल्ली। राजधानी दिल्ली के जंतर-मंतर पर कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के बैनर तले जारी छात्र आंदोलन अब देशभर में जोर पकड़ता जा रहा है। सीजेपी की अगुवाई में सोमवार को हुए संसद मार्च के बाद प्रदर्शन का दायरा बढ़ गया है, जिसमें अब राजनेताओं और बॉलीवुड हस्तियों की भी एंट्री हो चुकी है। महाराष्ट्र के मुंबई और नागपुर समेत कई शहरों में प्रदर्शन के समर्थन में कार्यक्रम आयोजित किए गए, वहीं राजस्थान और हरियाणा में विपक्षी दल सक्रिय नजर आ रहे हैं। अन्य राज्यों में फैलते असंतोष को देखते हुए सरकार पूरी तरह अलर्ट मोड पर है। छात्रों के बढ़ते आक्रोश के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कड़ा रुख अपनाया है।
उन्होंने स्पष्ट किया कि पेपर लीक के सभी मामलों में दोषियों को जल्द से जल्द कठोर दंड देने और केस के त्वरित निस्तारण के लिए फास्ट ट्रैक कोट्र्स का गठन किया जाएगा। पीएम ने कहा कि युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ करने वाले किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा और यह फैसला विद्यार्थियों के हितों की सुरक्षा के लिए उठाया गया एक महत्वपूर्ण कदम है।दूसरी ओर, स्थिति की संवेदनशीलता को देखते हुए सुरक्षा व्यवस्था सख्त कर दी गई है। दिल्ली में सुरक्षा कारणों से लोक कल्याण मार्ग, राजीव चौक, पटेल चौक, मंडी हाउस, सेंट्रल सेक्रेटेरिएट और आईटीओ समेत 16 मेट्रो स्टेशनों के प्रवेश और निकास द्वार सुबह 7.30 बजे से अगले निर्देशों तक बंद कर दिए गए हैं, हालांकि प्रमुख स्टेशनों पर इंटरचेंज की सुविधा जारी है।



