नई दिल्ली। लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने सांसदों और कर्मचारियों को बारिश से होने वाली असुविधा को दूर करने के लिए महत्वपूर्ण कदम उठाया है। उन्होंने अधिकारियों को नए संसद भवन के मकर द्वार पर एक पोर्च के निर्माण की संभावना तलाशने और इसका प्रस्ताव तैयार करने को कहा हैं। यह पहल मॉनसून सत्र के दौरान दिल्ली में लगातार हो रही मूसलाधार बारिश के मद्देनजर की गई है।स्पीकर बिरला ने इस संबंध में सीपीडब्ल्यूडी, आर्किटेक्ट्स और संबंधित एजेंसियों के अधिकारियों के साथ बैठक की।
उनका मानना है कि संसद भवन के महत्वपूर्ण प्रवेश द्वार पर पोर्च का निर्माण सांसदों और अन्य कर्मचारियों के लिए बेहद फायदेमंद होगा, जिससे उन्हें बारिश के दौरान परेशानी का सामना नहीं करना पड़ेगा। अधिकारियों ने बताया कि यह निर्देश मौजूदा परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए दिए गए हैं।पुराने संसद भवन में कई प्रवेश द्वारों पर पहले से ही पोर्च की सुविधा मौजूद थी, जिसमें सांसदों द्वारा उपयोग किया जाने वाला मुख्य प्रवेश द्वार भी शामिल था। इसी तर्ज पर, लोकसभा अध्यक्ष ने आर्किटेक्ट और सीपीडब्ल्यूडी से नए संसद भवन के मकर द्वार पर भी ऐसी ही सुविधा बनाने के लिए व्यवहार्यता रिपोर्ट मांगी है।
एक अलग घटनाक्रम में, केंद्रीयगृ ह मंत्री अमित शाह ने लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला से मुलाकात की। यह मुलाकात तब हुई जब प्रदर्शनकारी छात्रों पर पुलिस की कार्रवाई और राम मंदिर में चढ़ावे की कथित चोरी जैसे मुद्दों पर सरकार और विपक्ष के बीच गतिरोध बना हुआ है। विपक्ष 20 जुलाई को छात्रों पर पुलिस द्वारा बल प्रयोग करने के मामले में शाह से जवाब की मांग कर लोकसभा की कार्यवाही में लगातार व्यवधान डाल रहा है। केंद्रीय मंत्री शाह ने बिरला के दफ्तर में करीब एक घंटा बिताया। इस दौरान विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने भी संसद भवन स्थित शाह के दफ्तर में उनसे मुलाकात की।



